शनिवार, 31 दिसंबर 2011

मुश्किल में नौकरी


अर्थव्यवस्था की सबसे तेज़ विकास दर वाले देशों में शामिल है भारत

विकास दर में बड़े युवा वर्ग का महत्तवपूर्ण योगदान

बड़ी संख्या में शिक्षित युवक रोजगार की अपेक्षाओं को¨ पूरा करने में असमर्थ

एक तरफ बेरोजगारी, दूसरी तरफ कुशल कामगारों की भारी कमीः एसोचैम

सेवा क्षेत्र में प्रत्यक्ष विदेशी निवेश में 24 फ़ीसदी गिरावट

आईटी, अकादमिक और बायोटेक्नोलाजी के क्षेत्र में कुशल कामगारों की भारी मांग

90 फ़ीसदी रोजगार विशेषज्ञता और कौशल पर आधारित, ऐसी नौकरियों के लिए प्रशिक्षण जरुरी

सिर्फ़ 6 फ़ीसदी को प्रशिक्षण की सुविधा

अगले वर्ष तक एक से डेढ़ करोड़ नई नौकरियां

देश के जीडीपी में सेवा क्षेत्र का आधे से ज़्यादा हिस्सा

54 फीसदी ग्रजवेट मासिक कमाते हैं महज 600 रूपया

सरकार का लक्ष्य 2022 तक 50 करोड़ आबादी को कौशल प्रदान करना

इसके लिए सरकार ने शुरू किया है कौशल विकास कार्यक्रम

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